जीओसी रणबांकुरा डिवीजन मेजर जनरल गुरप्रीत सिंह ने किया भूतपूर्व सैनिकों-वीर नारियों का अभिनंदन : पीएम नरेंद्र मोदी द्वारा प्रज्जवलित विजय मशाल बीकानेर में











बीकानेर, 01 अप्रेल (सीके न्यूज/छोटीकाशी)। बांग्लादेश को पाकिस्तान से आजाद कराने में भारत की विजय के रुप में विजय दिवस हर साल 16 दिसम्बर को मनाया जाता है। यह भारतीय सेना द्वारा किया गया सबसे तेज और सबसे छोटे सैन्य अभियानों में से एक है जिसके परिणामस्वरुप एक नए राष्ट्र का निर्माण हुआ था। स्वर्णिम विजय वर्ष के 50 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा प्रज्जवलित विजयी मशाल बीकानेर पहुंची। जहां इस विजय मशाल को रणबांकुरा डिवीजन के सैन्य अधिकारियों द्वारा पूर्ण सैन्य सम्मान के साथ प्राप्त किया गया। बीकानेर के सैन्य स्टेशन में गुरुवार को हुए एक भव्य समारोह में जीओसी रणबांकुरा डिवीजन मेजर जनरल गुरप्रीत सिंह, सेना मैडल, विशिष्ट सेवा मैडल ने भूतपूर्व सैनिकों, वीर नारियों का अभिनंदन किया गया। विजयी मशाल को रणबांकुरा डिवीजन के उत्तरदायी क्षेत्र में चारों ओर ले जाया जाएगा व 1971 के युद्ध में हिस्सा लेने वाले शहीदों को याद किया जाएगा व श्रद्धांजलि अर्पित की जाएगी। विजयी मशाल को राजगढ़, चूरू, नागौर, डीडवाणा, लूणकरणसर, खाजूवाला से होते हुए पुन: बीकानेर सैनिक छावनी में लाया जाएगा। जहां विभिन्न गतिविधियां अंतिम मील दौड़, शहीदों को श्रद्धांजलि व 1971 की लड़ाई के भूतपूर्व सैनिकों को सम्मानित किए जाने का भी कार्यक्रम है। इस मौके पर आर्मी अधिकारियों ने बताया भारतीय सशस्त्र बलों की दृढऩींव हमारे भूतपूर्व सैनिकों की विरासत पर टिकी हुई है। राष्ट्र निर्माण के प्रति भूतपूर्व सैनिकों का योगदान और 'स्वयं से पहले राष्ट्र' की भावना ही समाज की नजर में सशस्त्र बलों को ऊंचा उठाती है।